Sehore News: सीहोर। आष्टा थाना क्षेत्र के ग्राम पखनी में 19 वर्षीय युवक संतोष विश्वकर्मा की आत्महत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। प्रेम प्रसंग के चलते युवक को शारीरिक और मानसिक रूप से इस कदर प्रताडि़त किया गया था कि उसने तंग आकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। हालांकि, कदम उठाने से पहले मृतक ने एक भावुक वीडियो बनाकर अपने साथ हुई हर प्रताडऩा की कहानी बयां कर दी थी, जो आखिरकार आरोपियों की गिरफ्तारी का मुख्य आधार बनी।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार घटना 26 जून की है, जब ग्राम पखनी निवासी संतोष विश्वकर्मा पिता दिनेश विश्वकर्मा ने अज्ञात कारणों से जहरीला पदार्थ खा लिया था। परिजन उसे तुरंत गंभीर हालत में भोपाल के चिरायु अस्पताल ले गए, जहां इलाज के दौरान 27 जून को उसकी मौत हो गई।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सोनाक्षी सक्सेना ने गहन पड़ताल के निर्देश दिए थे। इसके बाद एसडीओपी दामोदर गुप्ता के मार्गदर्शन में आष्टा थाना प्रभारी गिरीश दुबे और सहायक उपनिरीक्षक जगदीश धुर्वे ने मामले की मर्ग जांच शुरू की।
जहर खाने से पहले रिकॉर्ड किया था वीडियो
पुलिस की पड़ताल और परिजनों के बयानों में एक बेहद चौंकाने वाली बात सामने आई। संतोष ने जहर खाने से ठीक पहले अपने मोबाइल में एक वीडियो रिकॉर्ड किया था। इस वीडियो में उसने रुंधे गले से अपनी आपबीती सुनाई थी और बताया था कि गाँव के ही दो दबंग युवक उसे किस तरह शारीरिक और मानसिक रूप से टॉर्चर कर रहे हैं। प्रेम प्रसंग के नाम पर दी जा रही इसी प्रताडऩा से टूटकर उसने यह खौफनाक कदम उठाया था।
वीडियो के आधार पर दो आरोपी गिरफ्तार
मृतक के इस मृत्यु पूर्व कथन (वीडियो बयान) और परिजनों के बयानों की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने आरोपियों पर शिकंजा कसा। पुलिस ने दोनों नामजद आरोपी सुभाग मेवाड़ा और मनोहर पटेल के खिलाफ आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने का मामला दर्ज किया और दबिश देकर दोनों को धर दबोचा।


