4 मेडिकल स्टोरों पर शिकंजा, 1 का लाइसेंस निलंबित और 3 के हमेशा के लिए निरस्त

सीहोर। कलेक्टर बालागुरु के. और नियंत्रक खाद्य एवं औषधि प्रशासन के सख्त निर्देशों के बाद जिले में मेडिकल स्टोरों के खिलाफ औचक निरीक्षण और कार्रवाई का दौर तेजी से चल रहा है। इसी अभियान के तहत हाल ही में जिले के कई मेडिकल स्टोर्स की जांच की गई, जिसमें दवाइयों के क्रय-विक्रय और नियमों में भारी अनियमितताएं पाई गईं।
जांच के दौरान गंभीर गड़बडिय़ां मिलने पर औषधि प्रशासन ने मेसर्स एमआर मेडिकल भैरुंदा, मेसर्स गुरुदेव मेडिकल एजेंसी भैरुंदा, मेसर्स सांई विभु मेडिकल बुधनी और मेसर्स श्री विनायक मेडिकल स्टोर्स बकतरा को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा था।
संतोषजनक जवाब न देने पर गिरी गाज
औषधि निरीक्षक किरण कुमार मगरे ने जानकारी देते हुए बताया कि इन सभी मेडिकल संचालकों को नोटिस देकर दवाइयों के खरीद-विक्रय का पूरा रिकॉर्ड और स्पष्टीकरण पेश करने के लिए कहा गया था। लेकिन तय समय-सीमा बीत जाने के बाद भी किसी भी संचालक ने न तो कोई संतोषजनक जवाब दिया और न ही जरूरी रिकॉर्ड पेश किया। प्रशासन के आदेशों की इस तरह लगातार अनदेखी करने को बेहद गंभीरता से लिया गया, जिसके बाद विभाग ने सख्त कदम उठाते हुए कार्रवाई की है।
किस पर क्या कार्रवाई
लाइसेंस निलंबित: नियमों का पालन न करने पर मेसर्स गुरुदेव मेडिकल एजेंसी भैरुंदा का मेडिकल लाइसेंस तत्काल प्रभाव से कुछ समय के लिए निलंबित कर दिया गया है।
लाइसेंस निरस्त: गंभीर लापरवाही बरतने और नोटिस का कोई जवाब न देने पर मेसर्स एमआर मेडिकल भैरुंदा, मेसर्स सांई विभु मेडिकल बुधनी और मेसर्स श्री विनायक मेडिकल स्टोर्स बकतरा के लाइसेंस पूरी तरह और हमेशा के लिए निरस्त कर दिए गए हैं।
मेडिकल संचालकों में मचा हडक़ंप
औषधि प्रशासन की इस ताबड़तोड़ और सख्त कार्रवाई से जिले के अन्य मेडिकल दुकानदारों और संचालकों में हडक़ंप मच गया है। विभाग ने साफ कर दिया है कि मरीजों की सेहत के साथ खिलवाड़ करने वाले या नियमों की अनदेखी करने वाले किसी भी मेडिकल संचालक को बख्शा नहीं जाएगा और आगे भी ऐसी जांच व कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।