बाल विहार में मना भव्य विजयादशमी उत्सव, पोस्टर में लगे सभी के फोटो

#Sehore, सीहोर। शहर के बाल विहार मैदान में इस बार विजयादशमी का पर्व केवल बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक ही नहीं बनाए बल्कि इसने सामाजिक समरसता और एकजुटता की एक अनूठी मिसाल भी पेश की। छावनी दशहरा उत्सव समिति के तत्वावधान में आयोजित इस भव्य उत्सव में दलगत राजनीति को दरकिनार करते हुए मंच पर हर विचारधारा के नेताओं और समाजसेवियों की मौजूदगी ने सभी का दिल जीत लिया।
कार्यक्रम में दशहरा पर्व में कोई राजनीति नहीं का स्पष्ट संदेश देखने को मिला। मुख्य मंच पर लगाए गए विशाल पोस्टर में कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, समिति के मुख्य संरक्षक व पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जसपाल सिंह अरोरा, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष अमिता अरोरा, समाजसेवी अखिलेश राय, बीजेपी जिलाध्यक्ष नरेश मेवाड़ा, कांग्रेस जिलाध्यक्ष राजीव गुजराती, नगर पालिका अध्यक्ष प्रिंस विकास राठौर और विप्रजनों सहित अनेक गणमान्य हस्तियों की तस्वीरें एक साथ चस्पा की गई थीं।
सतरंगी आतिशबाजी ने बांधा समां
उत्सव की शुरुआत शहर के नमक चौराहा स्थित हनुमान मंदिर से निकाली गई भगवान श्रीराम की भव्य बारात से हुई। शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए जब राम बारात बाल विहार मैदान पहुंचीए तो पूरा परिसर श्रद्धालुओं के उल्लास और पुष्पवर्षा से सराबोर हो गया।
71 फीट ऊंचे पुतलों का दहनरू इस बार रावण के पुतले की ऊंचाई बढ़ाकर 71 फीट से अधिक की गई थी। रात करीब साढ़े आठ बजे जैसे ही भगवान श्रीराम के अग्निबाण ने रावण और मेघनाद के पुतलों को भेदा, पूरा मैदान जय श्रीराम के गगनभेदी जयघोष से गूंज उठा। दहन के साथ ही आतिशबाजों ने अपनी कला का प्रदर्शन करते हुए आसमान में रंग-बिरंगी आतिशबाजी से ऐसा समां बांधा कि दर्शक टकटकी लगाए देखते रह गए। बुराई के प्रतीक रावण के धराशायी होने के तुरंत बाद भगवान श्रीराम का गरिमामय माहौल में राजतिलक किया गया।
विजयादशमी सत्य और सदाचार का मार्ग दिखाती है
कार्यक्रम में विशेष रूप से पहुंचे कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा ने आशीर्वाद प्रदान करते हुए कहा कि विजयादशमी अधर्म पर धर्म और असत्य पर सत्य की विजय का पर्व है। यह हमें जीवन में हमेशा सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। छावनी दशहरा उत्सव समिति द्वारा किया जाने वाला यह आयोजन धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत रखने के साथ समाज में एकता और सद्भाव का संदेश देता है। समिति के मुख्य संरक्षक जसपाल सिंह अरोरा ने भी नगरवासियों को विजयादशमी की बधाई देते हुए इसे धर्म की शाश्वत विजय का पर्व बताया।