- सीहोर। शाजापुर जिले के सारंगपुर-अकोदिया मार्ग पर शनिवार दोपहर एक ऐसा दर्दनाक सडक़ हादसा हुआ, जिसने सुनने वाले हर शख्स के रोंगटे खड़े कर दिए। अपने दो साल के इकलौते बेटे के जन्मदिन पर खुशी-खुशी बोलाई हनुमान मंदिर दर्शन करने गए एक हंसते-खेलते परिवार की कुछ ही पलों में उजड़ जाने की यह कहानी बेहद झकझोर देने वाली है। हादसे से कुछ देर पहले ही परिवार ने सोशल मीडिया पर जो सेल्फी स्टेटस पर डाली थी, वह उनकी जिंदगी की आखिरी याद बनकर रह गई।
आष्टा की इंद्र कॉलोनी में रहने वाले अजित पंवार, उनकी पत्नी पूजा और उनका दो साल का बेटा शिवांशु शनिवार को अपने बेटे के जन्मदिन के खास मौके पर बोलाई हनुमान मंदिर गए थे। मंदिर जाने और वहां दर्शन करने से ठीक पहले उन्होंने एक सेल्फी खींचकर अपने सोशल मीडिया स्टेटस पर अपलोड की थी। किसी ने सपने में भी नहीं सोचा था कि कुछ ही पलों में यह तस्वीर उनकी आखिरी सेल्फी साबित होगी और पूरा परिवार इस दुनिया से विदा हो जाएगा।
अचानक कुत्ता सामने आने से हुआ भयानक हादसा
सलसलाई थाना पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार शनिवार दोपहर करीब 12.30 बजे जब यह परिवार मंदिर से दर्शन कर अपनी बाइक से वापस लौट रहा था, तभी गोदना गांव के पास अचानक सडक़ पर एक कुत्ता सामने आ गया। कुत्ते को बचाने के लिए चालक अजित ने जैसे ही बाइक की ब्रेक लगाई, ठीक उसी वक्त पीछे से तेज रफ्तार से आ रही एक पिकअप गाड़ी ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक सवार अजितए उनकी पत्नी पूजा और मासूम बेटे शिवांशु तीनों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
ग्रामीणों ने कपड़ों से ढंके शव, सोशल मीडिया से हुई पहचान
हादसे के बाद सडक़ पर बिखरे शवों को देख मौके पर मौजूद ग्रामीण और खेतों में काम कर रहे मजदूर तुरंत दौडक़र घटनास्थल पर पहुंचे। दिल दहला देने वाले इस मंजर को देख ग्रामीणों ने तुरंत मानवता का परिचय देते हुए शवों को कपड़ों से ढंका और पुलिस को सूचना दी। शुरुआत में मृतकों की पहचान नहीं हो पा रही थी, जिसके बाद आसपास के लोगों ने उनकी तस्वीरें और हादसे की जानकारी सोशल मीडिया पर साझा की। तब जाकर उनकी शिनाख्त हो पाई। सूचना मिलते ही डायल 112 और सलसलाई थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे और तीनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया।


