#Sehore, सीहोर। भोपाल-इंदौर मार्ग स्थित फंदा टोल नाके पर रविवार सुबह बहुत बड़ा हादसा होते-होते टल गया। तरल पेट्रोलियम गैस से भरे एक एचपी LPG गैस टैंकर (कैप्सूल) के टायरों में अचानक आग लग गई। गनीमत यह रही कि टोल नाके पर तैनात कर्मचारियों की सतर्कता से आग पर समय रहते पूरी तरह काबू पा लिया गया, जिससे एक बड़ा विस्फोट और जान-माल का भयानक नुकसान होने से बच गया।
घटना रविवार सुबह लगभग 8.30 बजे की है। एचपी कंपनी का एलपीजी गैस से भरा कैप्सूल टैंकर फंदा टोल प्लाजा से गुजर रहा था। इसी दौरान टायरों में अत्यधिक घर्षण के कारण अचानक आग लग गई। देखते ही देखते टैंकर के पिछले हिस्से के टायरों से तेज लपटें और धुएं का गुबार उठने लगा। चूंकि टैंकर के भीतर अत्यधिक ज्वलनशील एलपीजी गैस भरी हुई थी, इसलिए अगर यह आग थोड़ी देर और फैलती तो टैंकर में भयंकर विस्फोट हो सकता था।
प्लाजा कंट्रोलर और कर्मचारियों ने दिखाया साहस
टोल प्लाजा के कंट्रोलर संतोष राजपूत ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि सुबह साढ़े आठ बजे जैसे ही टैंकर टोल से निकल रहा था, कर्मचारियों की नजर उसके टायरों पर पड़ी। टायरों में आग भडक़ते देख बिना एक पल गंवाए टैंकर को तुरंत रुकवाया गया और पूरे टोल अमले को अलर्ट मोड पर लाया गया। सूचना मिलते ही टोल नाके पर मौजूद मनोज केवरिया, राहुल वर्मा, नेपाल सिंह वर्मा, अनुज सोनी, बलराम और अन्य कर्मचारियों ने सूझबूझ का परिचय दिया। टोल प्लाजा पर अग्निशमन और आग बुझाने के पर्याप्त संसाधन उपलब्ध थे, उनसे तुरंत टैंकर के टायरों पर आग बुझाने के प्रयास शुरू कर दिए। पूरी टीम ने एकजुट होकर मशक्कत के बाद आग को गैस टैंक तक पहुंचने से पहले ही पूरी तरह बुझा दिया।
कोई हताहत नहीं, टैंकर को सुरक्षित रवाना किया
टोल कर्मियों की तत्परता और मौके पर मौजूद संसाधनों के सही उपयोग से आग पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया गया। आग बुझने के बाद पूरे टैंकर का तकनीकी और सुरक्षात्मक निरीक्षण किया गया। जब यह सुनिश्चित हो गया कि गैस टैंक को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है और स्थिति पूरी तरह सुरक्षित है, तब टैंकर को गंतव्य के लिए रवाना किया गया।
लगातार घट रही हैं आगजनी की घटनाएं
बता दें जिले में आगजनी का यह कोई पहला मामला नहीं है। बीते शुक्रवार को ही जिले में दो बड़ी आगजनी की घटनाएं सामने आई थीं। शुक्रवार सुबह इछावर में एक नमकीन फैक्ट्री में भीषण आग लग गई थी, जबकि उसी दिन सीहोर जिला मुख्यालय के मंडी क्षेत्र स्थित जूते-चप्पल की थोक दुकान में आग लगने से भारी आर्थिक नुकसान हुआ था। उन दोनों हादसों में भी दमकल टीम की मदद से आग पर काबू पाकर आसपास के रिहायशी इलाकों और दुकानों को जलने से बचाया गया था।


