सीहोर। मध्य प्रदेश के प्रशासनिक गलियारों से एक दिलचस्प जानकारी सामने आई है। राज्य के आईएएस अधिकारियों द्वारा वर्ष 2026 के लिए दाखिल किए गए अचल संपत्ति विवरण के अनुसार प्रदेश के 14 जिलों के कलेक्टरों के पास अपनी कोई अचल संपत्ति नहीं है। इन निल संपत्ति वाले कलेक्टरों की सूची में सीहोर कलेक्टर बालागुरू के. का नाम भी शामिल है।
नियम के अनुसार हर साल आईएएस अधिकारियों को अपनी अचल संपत्ति का ब्यौरा शासन को देना होता है। हालिया मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सीहोर कलेक्टर बालागुरू के. ने अपने ताजा विवरण में अचल संपत्ति के कॉलम में निल दर्शाया है। इसका अर्थ है कि उनके नाम पर फिलहाल कोई व्यक्तिगत अचल संपत्ति दर्ज नहीं है।
सूची में ये दिग्गज अधिकारी भी शामिल
अपनी अचल संपत्ति निल बताने वाले कलेक्टरों में न केवल छोटे जिले, बल्कि इंदौर और रीवा जैसे बड़े जिलों के अधिकारी भी शामिल हैं। सूची इस प्रकार है इंदौर शिवम वर्मा, रीवा प्रतिभा पाल, छिंदवाड़ा हरेन्द्र नारायण, सीहोर बालागुरू के., मुरैना लोकेश जांगीड़, देवास ऋतुराज, खंडवा ऋषभ गुप्ता, सतना सतीश कुमार एस, इसके अलावा खरगोन कलेक्टर भव्या मित्तल, शाजापुर कलेक्टर ऋजु बाफना, सिवनी कलेक्टर शीतला पटले, सिंगरौली कलेक्टर गौरव बेनल, अनूपपुर कलेक्टर हर्षल पंचाली और आलीराजपुर कलेक्टर नीतू माथुर ने भी अपनी अचल संपत्ति शून्य बताई है।
पारदर्शिता के लिए अनिवार्य है विवरण
उल्लेखनीय है कि केंद्र और राज्य सरकार के नियमों के तहत सभी आईएएस अधिकारियों को प्रतिवर्ष अपनी संपत्तियों का खुलासा करना अनिवार्य होता है। इसमें स्वयं पत्नी या आश्रितों के नाम पर खरीदी गई या विरासत में मिली संपत्तियों की जानकारी देनी होती है।


