अनूठा आयोजन: ‘प्रिंस’ की कलाई पर सजा हिंदू-मुस्लिम बहनों का प्यार…

#सीहोर। शहर के नगर पालिका इतिहास में पहली बार एक ऐसा भावुक दृश्य देखने को मिला, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया। नगर पालिका परिसर के पास स्थित मैदान में सोमवार को एक अनूठा सामूहिक रक्षाबंधन समारोह आयोजित किया गया। सीहोर के इतिहास में यह पहला मौका था जब किसी नगर पालिका अध्यक्ष (प्रिंस विकास राठौर) द्वारा इतने बड़े पैमाने पर सामूहिक रूप से रक्षाबंधन पर्व मनाया गया हो।

कार्यक्रम के दौरान पूरे परिसर में उत्सवी माहौल रहा। शहर के सभी 35 वार्डों से सैकड़ों की संख्या में महिलाएं और बालिकाएं अपने लाडले नपाध्यक्ष को राखी बांधने पहुंचीं। बहनों ने पारंपरिक रीति-रिवाज के साथ प्रिंस राठौर के सिर पर रुमाल रखा, माथे पर रोली-अक्षत का तिलक लगाया और आरती उतारकर उनकी लंबी उम्र और सफलता की कामना की। बहनों के इस बेपनाह प्यार का नतीजा यह रहा कि देखते ही देखते नपाध्यक्ष के दोनों हाथ कोहनी तक राखियों से भर गए।
मुस्लिम बहनों ने भी निभाया बहन का फर्ज
इस आयोजन की सबसे खास बात इसकी गंगा-जमुनी तहजीब रही, जहां हिंदू बहनों ने बढ़-चढक़र अपने भाई प्रिंस राठौर की कलाई पर रक्षासूत्र बांधा, वहीं मुस्लिम बहनों में भी गजब का उत्साह देखने को मिला। बड़ी संख्या में पहुंची मुस्लिम महिलाओं ने नपाध्यक्ष को राखी बांधकर कौमी एकता और सामाजिक सौहार्द का एक मजबूत संदेश दिया।
बहनों का स्नेह ही मेरी असली ताकत
बहनों से राखी बंधवाने के बाद भावुक हुए नपाध्यक्ष प्रिंस विकास राठौर ने कहा रक्षाबंधन केवल एक धागा नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और अटूट विश्वास का प्रतीक है। दुनिया में भारत ही ऐसा देश है जहां रिश्तों और परिवार को इतना पवित्र स्थान दिया गया है। सीहोर की बहन-बेटियों का यह स्नेह और आशीर्वाद मेरे लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा। नगर के विकास के साथ-साथ मातृशक्ति का सम्मान और सशक्तिकरण मेरी पहली प्राथमिकता है।
मिठाई से कराया मुंह मीठा, लिया रक्षा का संकल्प
समारोह में नपाध्यक्ष के साथ-साथ मौजूद भाजपा नेताओं, नगर पालिका के अधिकारियों, कर्मचारियों और पार्षदों ने भी बहनों से राखी बंधवाई। इसके बाद सभी जन-प्रतिनिधियों और अधिकारियों ने बहनों का मुंह मीठा कराकर उन्हें उपहार दिए और शहर के समग्र विकास के साथ-साथ उनकी सुरक्षा व स्वाभिमान की रक्षा का संकल्प लिया।