नर्मदा को संकट में देख माइनिंग अफसर पर भडक़े ‘शिवराज’

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सीहोर। जिला मुख्यालय स्थित जिला पंचायत सभागार में आयोजित जिला विकास समन्वय और निगरानी समिति (दिशा) की बैठक शनिवार को उस समय भारी तनाव की स्थिति में आ गई, जब केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान बुरी तरह बिफर पड़े। माइनिंग विभाग की समीक्षा के दौरान अवैध उत्खनन का मुद्दा उठते ही श्री चौहान नाराज नजर आए। उन्होंने जिला माइनिंग अधिकारी धर्मेन्द्र चौहान से दो-टूक शब्दों में कहा कि वे नर्मदा नदी का अस्तित्व किसी भी कीमत पर खत्म नहीं होने देंगे।
जिले में नर्मदा नदी और अन्य क्षेत्रों में बेखौफ चल रहे अवैध उत्खनन पर नाराजगी जाहिर करते हुए शिवराज सिंह ने माइनिंग अधिकारी को जमकर फटकारा। जब माइनिंग के जिम्मेदारों कहा कि वे कार्रवाई करते हैं तो कृषि मंत्री श्री चौहान और भी भडक़ गए। उन्होंने सीधे कहा आपको पता भी है कि सीहोर जिले में किस तरह प्रतिबंधित पनडुब्बियों से मां नर्मदा का सीना चीरा जा रहा है। आप लोग अवैध उत्खनन रोकने में बिल्कुल भी सक्षम नहीं हैं।
फोटो-वीडियो दिखाए तो खुल जाएगी पोल
मंत्री श्री चौहान ने माइनिंग अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि वे केवल हवाई बातें नहीं कर रहे हैं, बल्कि उनके पास पुख्ता सबूत हैं। उन्होंने कहा कि मैं आज अपने साथ फोटो और वीडियो सब लेकर आया हूं। अगर इसे दिखा दिया तो सबकी पोल खुल जाएगी। श्री चौहान ने कहा कि इसमें वो सारी काली सच्चाई कैद है जिसे आप और आपका विभाग छिपाने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि यदि समय रहते दोषियों पर कठोरतम कार्रवाई नहीं हुई तो वे चुप नहीं बैठेंगे।
मां नर्मदा के अस्तित्व पर संकट बर्दाश्त नहीं
बैठक में मौजूद अधिकारियों के चेहरे उस समय उतर गए जब केंद्रीय मंत्री ने भावुक और कड़े स्वर में कहा कि नर्मदा जी केवल एक नदी नहीं हैं, वे जीवनदायिनी हैं। पनडुब्बियों के इस्तेमाल से नदी के पर्यावरण को जो नुकसान पहुंच रहा है, वह अक्षम्य है। उन्होंने निर्देश दिए कि तत्काल प्रभाव से पनडुब्बियों को जप्त किया जाए और अवैध माइनिंग माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
तेवर देख, दिखा सन्नाटा
शिवराज सिंह चौहान के इस आक्रामक तेवर को देख सभागार में मौजूद माइनिंग अफसरों और अन्य प्रशासनिक अमले को पसीना आ गया। काफी देर तक सन्नाटा पसरा रहा। मंत्री श्री चौहान ने स्पष्ट कर दिया कि विकास कार्यों में वे सहयोग करेंगे, लेकिन पर्यावरण और गरीबों के हक से खिलवाड़ करने वाले भ्रष्ट अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा।