Sehore News: सीहोर। स्वच्छ भारत अभियान के तहत इंग्लिशपुरा में लाखों की लागत से बना नगर पालिका का हाईटेक कचरा घर मंगलवार सुबह जलकर खाक हो गया। लेकिन इस भीषण आगजनी ने अब कई गंभीर सवालों को जन्म दे दिया है। आखिर वह कौन है जिसने कचरा घर के बाहर बोरियों में भरकर भारी मात्रा में वेस्ट मटेरियल पटका था और सुलग रही इस आग को किसने हवा दी।
स्थानीय निवासियों के मुताबिक कचरा घर के भीतर कचरा डालने की पूरी व्यवस्था होने के बावजूद बाहर खुले में बोरियों में भरकर भारी मात्रा में कचरा फेंका गया था। चर्चा है कि क्षेत्र के शहर के गांधी रोड स्थित एक कपड़ा व्यापारी द्वारा अपनी दुकान या गोदाम का कतरन और वेस्ट मटेरियल चोरी-छिपे यहां लाकर पटका गया था। सवाल यह है कि जब शहर को साफ रखने के लिए लाखों का हाईटेक सिस्टम बनाया गया था तो नियमों को ताक पर रखकर इस तरह बाहर कचरा फेंकने की हिम्मत किसने और क्यों की.
सोमवार से उठ रहा था धुआं, मंगलवार को बनी लपटें
स्थानीय लोगों का कहना है कि सोमवार शाम बाहर जमा इन बोरियों से हल्का धुआं उठना शुरू हो चुका था। मंगलवार सुबह देखते ही देखते इस धुएं ने विकराल आग का रूप ले लिया और पूरे कचरा घर को अपनी चपेट में ले लिया। यहां सवाल यह उठता है कि क्या किसी ने जानबूझकर इस कचरे में आग लगाई थी या किसी जलती हुई बीड़ी-सिगरेट की वजह से यह हादसा हुआ.
लाखों का हाईटेक ढांचा पल भर में स्वाहा
आग इतनी तेजी से फैली कि अत्याधुनिक कचरा घर का पूरा ढांचा और उसमें लगी मशीनें कुछ ही देर में पूरी तरह जलकर नष्ट हो गईं। घटना के दौरान आसमान में काले धुएं का ऐसा गुबार उठा कि पूरे इलाके में दहशत फैल गई। लाखों रुपये की सरकारी संपत्ति पल भर में कबाड़ में तब्दील हो गई। अब इस मामले में लोगों के मन में सवाल है कि सीसीटीवी या स्थानीय गवाहों के आधार पर उस कपड़ा व्यापारी पर कार्रवाई कब होगी जिसने नियमों की धज्जियां उड़ाकर बाहर कचरा फेंका।


