Sehore News: सीहोर। अभी तो सूरज ने अपने तेवर दिखाने शुरू ही किए हैं और सीहोर में ‘जलयुद्ध’ की आहट सुनाई देने लगी है। भीषण गर्मी की शुरुआत से पहले ही शहर में पानी को लेकर विवाद होने लगा। सोमवार को शहर के वार्ड क्रमांक – 1 बढिय़ाखेड़ी में पानी की सप्लाई करने पहुंचे एक नगर पालिका कर्मचारी के साथ न केवल गाली-गलौज की गई, बल्कि मारपीट भी की गई, जिससे गुस्साए नपाकर्मी कोतवाली थाने पहुंचे और एफआईआर दर्ज कराई।
नपा कर्मचारियों द्वारा पुलिस को सौंपे आवेदन में बताया कि नगर पालिका के जल प्रदाय विभाग में कार्यरत कर्मचारी पूनमचंद पिता छोटेलाल मीना सोमवार सुबह अपनी नियमित ड्यूटी पर थे। वे सुबह 5.30 बजे से बढिय़ाखेड़ी क्षेत्र में ट्यूबवेल के जरिए पेयजल सप्लाई सुचारू कर रहे थे। सुबह करीब 9.30 बजे जब सप्लाई जारी थी, तभी स्थानीय निवासी निखिल राय पिता खुशीलाल वहां पहुंचा और बिना किसी ठोस कारण के पूनमचंद से उलझ गया।
अधिकारियों को भी देख लूंगा
विवाद इतना बढ़ा कि आरोपी ने सरकारी कर्मचारी को गालियां देना शुरू कर दिया और मारपीट पर उतारू हो गया। पीडि़त कर्मचारी के अनुसार आरोपी ने उसे जान से मारने की धमकी देते हुए चिल्लाकर कहा अगर पानी की सप्लाई नहीं रोकी तो तुझे खत्म कर दूंगा। अपने अधिकारियों को भी बुला ले, मैं सबको देख लूंगा, तुझसे जो बने वो कर लेना।
कर्मचारियों में दिखी नाराजगी
जैसे ही इस मारपीट की खबर नगर पालिका के अन्य कर्मचारियों तक पहुंची, पूरे महकमे में भारी रोष फैल गया। बड़ी संख्या में कर्मचारी लामबंद होकर कोतवाली थाने पहुंचे और लिखित शिकायत दर्ज कराई। कर्मचारियों का साफ कहना है कि यदि ड्यूटी के दौरान वे सुरक्षित नहीं रहेंगे और दबंग उन पर हमला करेंगे तो शहर की पेयजल व्यवस्था संभालना उनके लिए नामुमकिन हो जाएगा। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो वे काम बंद करने पर भी विचार कर सकते हैं।
एफआईआर दर्ज
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए कोतवाली पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया है। नगर पालिका के आवेदन पर आरोपी निखिल राय के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा डालने और मारपीट व धमकी देने की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।


