Sehore News: सीहोर। मानव सेवा और परोपकार की राह पर चलते हुए रोटरी क्लब के तत्वावधान में एक प्रेरक कार्य संपन्न हुआ है। क्लब के प्रयासों से उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के एक दिव्यांग युवक को नए कृत्रिम हाथ उपलब्ध कराए गए हैं। इन कृत्रिम हाथों के सहारे युवक अब अपना दैनिक काम खुद कर सकेगा, जिससे उसके जीवन में एक नई उम्मीद और आत्मनिर्भरता का संचार हुआ है।
बता दें मथुरा जिले के भंडारवन के रहने वाले सदन सिंह एक दर्दनाक हादसे का शिकार हो गए थे। इस दुर्घटना में उनके दोनों हाथ कट गए थे, जिसके बाद वे पूरी तरह दूसरों पर निर्भर हो गए थे। दोनों हाथ न होने के कारण उनका जीवन बेहद कष्टमय हो गया था।
एक मुलाकात और ले लिया संकल्प
सदन सिंह के जीवन में बदलाव की शुरुआत इसी साल जनवरी महीने में हुई। सीहोर के समाजसेवी राजेश काशीव अपनी पारिवारिक यात्रा के दौरान मथुरा गए थे, जहां उनकी मुलाकात सदन सिंह से हुई। सदन सिंह की बेबसी और उनकी स्थिति को देखकर राजेश काशीव का दिल पसीज गया। उन्होंने उसी पल मन में संकल्प लिया कि वे इस युवक को कृत्रिम हाथ दिलाकर ही दम लेंगे। सीहोर लौटकर उन्होंने इस विषय में डॉ. गौरव ताम्रकार से चर्चा की, जिन्होंने इस पुनीत कार्य में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की हामी भरी।
रोटरी क्लब ने बढ़ाया मदद का हाथ
इस नेक काम को पूरा करने के लिए रोटरी क्लब आगे आया। क्लब के अध्यक्ष रोटेरियन मधुर विजयवर्गीय के नेतृत्व में पूरी टीम इस मिशन में जुट गई। सचिव रोटेरियन कपिल अग्रवाल, कोषाध्यक्ष रोटेरियन विपुल चांडक, रोटेरियन रघुनंदन निगोदिया और रोटेरियन डॉ. आशुतोष शर्मा के आपसी सहयोग और वित्तीय प्रबंधन से सदन सिंह के लिए आधुनिक कृत्रिम हाथों की व्यवस्था की गई।
मथुरा जाकर पहनाए हाथ
कृत्रिम हाथ तैयार होने के बाद समाजसेवी राजेश काशीव और डॉ. गौरव ताम्रकार खुद सीहोर से मथुरा के भंडारवन गांव पहुंचे। वहां बड़ी संख्या में मौजूद ग्रामवासियों और दर्शनार्थियों की उपस्थिति में सदन सिंह को कृत्रिम हाथ लगाए गए। जैसे ही डॉक्टरों ने हाथ फिट किए, सदन सिंह ने सालों बाद पहली बार अपने नए हाथों से पानी का गिलास उठाया और खुद पानी पिया। इसके बाद उन्होंने हाथ में पेन पकड़ा और कुछ शब्द लिखकर दिखाए। यह नजारा देखकर वहां मौजूद हर शख्स की आंखों नम हो गईं और पूरा गांव रोटरी क्लब के जयकारों से गूंज उठा।


