सीहोर। प्रसिद्ध धार्मिक स्थल कुबेरेश्वरधाम में शुक्रवार से पांच दिवसीय गुरु महोत्सव का शुभारंभ हो गया। महोत्सव के पहले ही दिन धाम का विशाल कथा पंडाल श्रद्धालुओं की अपार भीड़ से पूरी तरह खचाखच भर गया। मध्य प्रदेश सहित देशभर के अलग-अलग राज्यों से बड़ी संख्या में पहुंचे श्रद्धालुओं के कारण शहर और आसपास की सभी होटलेंपूरी तरह फुल हो गए हैं।
1.80 लाख वर्ग फीट का बना विशाल पंडाल
आयोजन को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए विठलेश सेवा समिति द्वारा व्यापक तैयारियां की गई हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए लगभग 1.80 लाख वर्ग फीट क्षेत्र में स्थायी कथा पंडाल और करीब 50 हजार वर्ग फीट में विशाल भोजन प्रसादी स्थल तैयार किया गया है। कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा, पंडित विनय मिश्रा और पंडित समीर शुक्ला की मौजूदगी में समिति के सदस्यों ने श्रद्धालुओं के लिए भोजन, शुद्ध पेयजल और स्वच्छता के विशेष प्रबंध किए हैं।
5 दिन तक बहती रहेगी भक्ति की धारा
महोत्सव के तय कार्यक्रम के अनुसार 25 से 28 जुलाई तक भव्य शिव महापुराण कथा का वाचन किया जाएगा। इसके उपरांत 29 जुलाई को एक दिवसीय गुरु दीक्षा महोत्सव का आयोजन होगा, जिसमें हजारों नए श्रद्धालुओं को गुरु दीक्षा दी जाएगी।
सुरक्षा और बुनियादी सुविधाओं के कड़े इंतजाम
श्रद्धालुओं की भारी संख्या को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और सेवा समिति की ओर से सुरक्षाए यातायात प्रबंधन, पार्किंग, मेडिकल सुविधा, पेयजल और निरंतर सफाई व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, ताकि आने वाले भक्तों को किसी भी परेशानी का सामना न करना पड़े।
शिव ही सच्ची शांति के स्रोत हैं
महोत्सव के शुभारंभ अवसर पर श्रद्धालुओं को अपना पावन संदेश देते हुए कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा ने कहा कि महादेव की भक्ति में लीन होने से जीवन की हर चिंता और संकट स्वत: दूर हो जाते हैं। भगवान शिव ही इस सृष्टि में सच्ची शांति और आनंद के मुख्य स्रोत हैं। सभी मनुष्यों को निरंतर शिव का स्मरण करना चाहिए और सेवा, सदाचार व मानवता के मार्ग पर चलना चाहिए।


